
राज नेशनल न्यूज़ खैरागढ़ : जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र (डीआईसी) द्वारा प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना (PMFME) के अंतर्गत ग्राम साल्हेवारा में एक दिवसीय जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को खाद्य प्रसंस्करण आधारित स्वरोजगार से जोड़ना तथा योजना के प्रावधानों एवं लाभों की जानकारी देना था।
कार्यक्रम में स्व-सहायता समूहों की 32 सदस्याओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। कार्यशाला के दौरान महिलाओं को खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में उद्यम स्थापित करने की संभावनाओं, सरकारी सहायता एवं आत्मनिर्भर बनने के अवसरों से अवगत कराया गया।
योजना की प्रक्रिया और 35 प्रतिशत अनुदान की दी जानकारी
कार्यशाला में जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र के सहायक प्रबंधक अर्जुन कुमार साहू ने प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना की विस्तृत जानकारी देते हुए आवेदन प्रक्रिया, पात्रता, बैंक ऋण, अनुदान एवं अन्य लाभों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि योजना से जुड़कर हितग्राही खाद्य प्रसंस्करण आधारित उद्यम स्थापित करने के लिए 35 प्रतिशत तक अनुदान का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने उपस्थित महिलाओं से योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाकर स्वरोजगार अपनाने का आह्वान किया।
लंबित आवेदनों के पुनः प्रस्तुतिकरण की प्रक्रिया होगी शुरू
कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों में से दो हितग्राहियों ने बताया कि पिछले वित्तीय वर्ष में उनके आवेदन बैंक द्वारा कमी-पूर्ति के कारण निरस्त कर दिए गए थे। इस पर विभाग द्वारा उन्हें पुनः आवेदन प्रस्तुत करने के लिए प्रेरित किया गया तथा आवश्यक मार्गदर्शन देते हुए उनके आवेदनों की प्रक्रिया पुनः प्रारंभ कराने का आश्वासन दिया गया।
कार्यक्रम के अंत में सहायक प्रबंधक अर्जुन कुमार साहू ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी शासन की स्वरोजगार योजनाओं का लाभ लेकर आर्थिक रूप से सशक्त बनने का आग्रह किया।



