
बोझ नहीं हैं, आशीर्वादक हैं-बुजुर्ग- एडीजे कंवर
राज नेशनल न्यूज़ खैरागढ़ : राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के प्लान आफ एक्शन 2026 के अंतर्गत अध्यक्ष विजय कुमार होता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण राजनांदगांव के निर्देशानुसार दिनांक 01.10.2026 को अंतरराष्ट्रीय बुजुर्ग दिवस पर उप जेल खैरागढ़ में शिविर का आयोजन किया गया ।
कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए एडीजे मोहनी कंवर ने कहा
मानवीय शरीर की क्षीण काया भी परिवार की मजबूत नींव के रूप में स्थान रखती है। जिस प्रकार एक पुरानी एवं मजबूत नींव मकान की विशालता का सबूत देती है। ठीक उसी तरह परिवार के वृद्धजन उस परिवार की संगठन शक्ति का उदाहरण होते है। जिन परिवारों में वृद्धों का आशीर्वाद बना रहता है, उन परिवारों की संपन्नता और सुख शांति अनुशासन की कहानी कहती दिखाई पड़ती है। परिवार के बुजुर्गों को बोझ मानने वाले अपने जीवन कर रसास्वादन सही रूप में नहीं कर पाते है। बुजुर्गों का अनुभव और उनकी संघर्ष यात्रा ही वह ताकत है, जिसके बल पर एक परिवार बुलंदी पर पहुंच सकता है। फिर वह परिवार रतन टाटा का हो या बिड़ला का, परिवार का मुखिया ही वह मार्ग दिखाता रहता है, जहां ऐश्वर्य के साथ आनंद की प्राप्ति होती रही है। वृद्धावस्था के प्रति उपेक्षा, अवमानना एवं घृणा का भाव पाश्विक सभ्यता का ही परिचायक हो सकता है। यह बात हमेशा ध्यान में रखनी होगी कि परिवार के वृद्धजन अनदेखी की श्रेणी में नहीं आते है। बल्कि वे अनुभव की भट्ठी में तपकर सही मार्ग दिखाने वाले सच्चे और प्रेयक वर्ग से संबंध रखते है। वे व्यापक व्यवहारिक प्रशिक्षण के बल पर परिवार के सबसे ज्यादा हितकर सदस्य होते है।
उन्होंने युवा पीढ़ी से बुजुर्गों को सम्मान करने का आह्वान किया ।
जिस से प्रेरित हो नवयुवकों ने बुजुर्गों के सम्मान का लिया संकल्प।
इसके तहत उन्होंने वृद्वावस्था पेन्शन, निःशुल्क चिकित्सा सुविधा, वाहन किराए में छूट, माता-पिता के भरण पोषण अधिनियम, आयकर में छूट, विधवा पेन्शन, बैंककारी सुविधाओं, रेल किराया आदि विषयों एवं योजनाओं के संबंध में जानकारी दी। वरिष्ठ नागरिकों को उनके अधिकारों के प्रति सजग किया गया। उनके अधिकारों का हनन नही हो, एवं वह अपना जीवन सम्मानपूर्वक व्यतीत कर सकें । एडीजे कंवर ने आगे प्ली बारगेनींग, निशुल्क एवं सक्षम विधि की सहायता, मोटर यान अधिनियम, साइबर अपराध, पोक्सो एक्ट, आदि के संबंध में विस्तार से चर्चा किया।
आगे जेएमएफसी आंकाक्षा खलखो ने इस विधिक जागरूकता शिविर के माध्यम से जेल में उपस्थित नागरिकों को वरिष्ठ नागरिकों
के अधिकारों एवं राज्य सरकार द्वारा उनके कल्याण के लिए चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी।
आगे पैरा लीगल वालंटियर गोलूदास साहू ने धारा 125 भरण पोषण अधिनियम के संबंध में विस्तार से चर्चा किया।
आगे डीजे कंवर द्वारा विचाराधीन बंदियों का हालचाल पूछा गया और उनके स्वास्थ्य के बारे में भी जाना गया साथ ही उनकी समस्याओं को भी सुना गया और बंदी बैरक, वीसी कक्ष, पाक शाला का भी निरीक्षण किया ।
उक्त शिविर में जेल अधीक्षक योगेश कुमार बंजारे, पीएलवी गोलूदास साहू, एवं सिपाही प्रेम सागर साहू, जसवंत कुमार नायक, और विचाराधीनबंदी उपस्थित थे|



